भगवान शिव की देन है सुदर्शन चक्र

सुदर्शन चक्र भगवान विष्णु का अस्त्र है। सुदर्शन चक्र एक दाँतेदार, नुकीले किनारों वाला एक गोलाकार ब्लेड जो भगवान विष्णु अपने हथियार के रूप में प्रयोग करते हैं। भगवान शिव…

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भगवान शिव के एक हजार नाम

भगवान विष्णु ने राक्षसों के संहार के लिए भगवान शिव की आराधना के लिए भगवान शिव के एक हजार नाम जप कर कमल के फूल चढ़ाए थे। भगवान शिव ने…

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भगवान शिव भी न बच पाए शनि देव की वक्र दृष्टि से

एक बार स्वयं भगवान शिव भी शनि देव की वक्र दृष्टि के चपेट में आ गए थे और उनकी वक्र दृष्टि से बचने की कोशिश भी अंत मे नाकाम ही…

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शिव पुराण में है हर समस्या का समाधान

शिव पुराण में उन्नति और मुक्ति का मार्ग बताया गया है। इसमें भोलेनाथ के अवतार और महीमा का वर्णन मिलता है। आइए जानते हैं शिव पुराण की वह अनमोल बातें…

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क्यों भगवान शिव ने शुक्राचार्य को निगल लिया?

पौराणिक कथाओं के अनुसार एक बार भगवान शिव ने क्रोधित हो के शुक्राचार्य को निगल लिया था और माता पार्वती ने ही बचाई थी शुक्राचार्य की जान । शुक्राचार्य ने…

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बृहस्पति देव ने शिव स्तुति गाकर की इंद्र के प्राण की रक्षा

एक बार भगवान शिव इंद्र देव से बहुत ही ज्यादा क्रोधित हो गए थे, तब बृहस्पति देव ने शिव स्तुति गाकर इंद्र के प्राण की रक्षा की थी। एक बार…

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बिल्वपत्र का महत्व

शिव पुराण के अनुसार शिवलिंग पर कई प्रकार की सामग्री फूल-पत्तियां चढ़ाई जाती हैं, इन्हीं में से सबसे महत्वपूर्ण है बिल्वपत्र! बिल्वपत्र से जुड़ी खास बातें जानने के बाद आप…

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शिव बिल्वाष्टकम् स्तोत्र से करें मनोकामनाएं पूरी

शिव बिल्वाष्टकम् स्तोत्र से बेलपत्र का अर्पण कर के भगवान शिव की पूजा करते हुए मनुष्य अपनी मनोकामनाएं पूरी कर सकता है व अपने पापों से मुक्ति पा सकता है…

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मनीमहेश यात्रा के लिए कैसे पहुंचे?

मणिमहेश झील के लिए 3 ट्रेकिंग मार्ग हैं, लेकिन हडसर गांव से शुरू होने वाला मार्ग सबसे लोकप्रिय है और रास्ते में बुनियादी पर्यटक सुविधाएं प्रदान करता है। पठानकोट से…

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भगवान शिव के 108 नाम

हिन्दू धर्म में शिवजी को त्रिदेवों में एक माना जाता है। शिवजी की कल्पना एक ऐसे देव के रूप में की जाती है जो कभी  संहारक तो कभी पालक होते…

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काल के भी काल प्रभु महाकाल शिव

जब मार्कन्डेय जी को उनके पिता ने बताया कि पुत्र तुम्हारा जीवन काल कम है और यदि तुम शिव जी के शरणागत हो जाओ तो तुम्हारी प्राण रक्षा हो जाएगी। …

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शिवलिंग पर दूध चढ़ाने का वैज्ञानिक रहस्‍य

हमारी परंपराओं के पीछे कई सारे वैज्ञानिक रहस्‍य छिपे हुए हैं, जिन्‍हें हम नहीं जान पाते क्‍योंकि इसकी शिक्षा हमें कहीं नहीं दी गई है। भगवान शिव को सावन के महीने में…

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मणिमहेश यात्रा

हिमाचल प्रदेश के भरमौर शहर से करीब 26 किलोमीटर की दूरी पर बसे मणिमहेश में भगवान शिव का निवास है जहां माना जाता है कि यहाँ मणि चमकती है व…

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मणिमहेश कैलाश पीक – एक अजेय चोटी

पर्वतारोहियों द्वारा मणिमहेश कैलाश पर सफलतापूर्वक चढ़ाई नहीं की गई है। यह भी माना जाता है कि मणिमहेश कैलाश अजेय है क्योंकि अब तक किसी ने भी इस पर चढ़ाई…

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शिवलिंग की पूजा का रहस्‍य

शिवलिंग की पूजा का रहस्‍य क्या है? भारतीय सभ्यता के प्राचीन अभिलेखों एवं स्रोतों से भी ज्ञात होता है कि आदि काल से ही मनुष्य शिव के लिंग की पूजा करते आ…

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शिव है प्रथम और शिव ही है अंतिम

शिव है प्रथम और शिव ही है अंतिम। शिव है सनातन धर्म का परम कारण और कार्य। शिव को छोड़कर अन्य किसी में मन रमाते रहने वाले सनातन विरुद्ध है।…

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